Class 6 › Hindi › मल्हार मैया मैं नहिं माखन खायो Class 6 Hindi · मल्हार · Chapter 9
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Download revision card Share on WhatsApp 158 members in the CBSE communityView all Science: 12 chapters, with traps corrected Maths: 10 chapters, primes to integers Hindi: 13 मल्हार lessons, 16 grammar points English: all 16 Poorvi texts, unit by unit Social Science: 14 chapters, maps to sectors 5 kits, one per subject Marks booster + cheatsheet: key concepts in 2 lines each, common traps Plant and animal groups, Ch 2 Temperature and its measurement, Ch 7 Common traps, corrected Methods of separation, Ch 9 10 must-know facts with a self-check Marks booster + cheatsheet: key concepts in 2 lines each, common traps Primes and divisibility tests, Ch 5 Brahmagupta's fraction method, Ch 7 Common traps, corrected Perimeter and area rules, Ch 6 Types of angles and the protractor, Ch 2 Marks booster + cheatsheet: key concepts in 2 lines each Latitude and time zones, Ch 1 Timelines and sources of history, Ch 4 Harappan cities, Ch 6 Vedas to Mahāvīra, Ch 7 3 tiers of government, Ch 10–12 Marks booster + cheatsheet: key concepts in 2 lines each 5 units: authors, plots and characters Poem devices with short quotes Grammar point of every lesson Word meanings with page numbers Writing formats a school test asks Marks booster + cheatsheet: key concepts in 2 lines each Author, genre and summary for each lesson 'मेरी समझ से' answers, lesson by lesson Writers in time order Word meanings with page references 12 common mistakes
Browse all 6 kits → The story in shortमहाकवि सूरदास का यह प्रसिद्ध वात्सल्य-पद ब्रजभाषा में रचा गया है, जिसमें बाल-कृष्ण की मनोहारी लीला का चित्रण है। माखन खाने के आरोप पर बालक कृष्ण भोलेपन से अपनी माता यशोदा के सामने सफाई देते हैं कि उन्होंने माखन नहीं खाया। वे तरह-तरह के तर्क देते हैं — सुबह होते ही उन्हें गायों के पीछे मधुबन भेज दिया गया, वे दिन भर बंसीवट में भटकते रहे और साँझ ढले घर लौटे, फिर वे माखन कब खाते? वे यह भी कहते हैं कि उनकी बाँहें छोटी हैं, इसलिए वे ऊँचे टँगे छीके तक पहुँच ही नहीं सकते। उनके अनुसार ग्वाल-बाल (साथी) उनसे बैर रखते हैं और उन्होंने ही ज़बरदस्ती उनके मुँह पर माखन लपेट दिया है। कृष्ण उलाहना देते हुए कहते हैं कि माँ भोली-भाली होकर इन सबकी बातों पर विश्वास कर लेती है और लगता है उसके मन में कोई भेद है, जो उन्हें पराया समझ रही है। वे रूठकर अपनी लकुटि और कमरिया (लाठी-कंबल) लौटाने की बात कहते हैं कि माँ ने उन्हें बहुत नचाया है। बालक के ऐसे भोले तर्क सुनकर यशोदा मुस्कुराते हुए उन्हें हृदय से लगा लेती हैं। पद वात्सल्य रस और सूरदास की चित्रात्मक कल्पना का सुंदर उदाहरण है।
The story in 6 beats1 श्रीकृष्ण कहते हैं कि वे माखन नहीं खाते, क्योंकि भोर से ही गायों के पीछे मधुबन भेजे जाते हैं। 2 वे बताते हैं कि चार पहर बंसीवट में भटककर साँझ को घर लौटते हैं। 3 वे तर्क देते हैं कि वे छोटे बालक हैं, इसलिए छीके तक पहुँचकर माखन नहीं पा सकते। 4 वे कहते हैं कि ग्वाल-बाल बैर रखते हैं और जबरदस्ती उनके मुँह पर माखन लगा देते हैं। 5 वे माँ को भोली बताकर कहते हैं कि उसने दूसरों की बात मान ली और उन्हें पराया समझ लिया। 6 अंत में यशोदा हँस पड़ती हैं और श्रीकृष्ण को हृदय से लगा लेती हैं। कृष्ण-बाल-लीला वात्सल्य रस ब्रजभाषा भोले तर्क भक्तिकालीन पद Characters & key ideasस सूरदास ब्रजभाषा के महाकवि, जिन्होंने श्रीकृष्ण की बाल-लीलाओं का मनोहारी वर्णन किया।
व वात्सल्य रस बालक के प्रति माता-पिता या बड़ों के स्नेह और दुलार का भाव।
म मधुबन मथुरा के पास यमुना के किनारे का एक वन, जहाँ कृष्ण गाय चराने जाते थे।
छ छीका रस्सियों का बना जाल, जो छत या ऊँची जगह से लटकाया जाता है ताकि उसमें रखी खाने-पीने की चीज़ें सुरक्षित रहें।
ल लकुटि-कमरिया लाठी और छोटा कंबल (कमली), जिसे लेकर कृष्ण गाय चराने जाते थे।
ग ग्वाल-बाल गाय पालने वालों के बच्चे अर्थात कृष्ण के संगी-साथी।
Word meanings · शब्दार्थमधुबन
मथुरा के पास का एक वन
बंसीवट
वह वटवृक्ष जहाँ कृष्ण जाते थे
छीको
छत से लटका रस्सी का जाल
ग्वाल-बाल
गाय पालने वालों के बच्चे
पतियायो
विश्वास किया, सच माना
लकुटि कमरिया
लाठी और छोटा कंबल
Extra questions & answers (board-style)Q1 "मैया मैं नहिं माखन खायो" पद के रचयिता कौन हैं? Answer Q2 पद में किस रस की प्रधानता है? Answer Q3 श्रीकृष्ण माँ के आने से पहले कहाँ थे? Answer Q4 "मैं माखन कैसे खा सकता हूँ" — कृष्ण ने क्या तर्क दिया? Answer Q5 कृष्ण के अनुसार उनके मुँह पर माखन कैसे लगा? Answer Q6 कृष्ण माँ को क्या उलाहना देते हैं? Answer Q7 रूठकर कृष्ण क्या लौटाने की बात करते हैं? Answer Q8 यशोदा ने अंत में क्या किया? Answer Q9 पद में किस भाषा का प्रयोग हुआ है? Answer Q10 इस पद की एक काव्यगत विशेषता बताइए। Answer मेरी समझ सेQ1 (क) नीचे दिए गए प्रश्नों का सटीक उत्तर कौन-सा है? उसके सामने तारा () बनाइए— (1) मैं माखन कैसे खा सकता हूँ? इसके लिए श्रीकृष्ण ने क्या तर्क दिया? • मुझे तुम पराया समझती हो। • मेरी माता, तुम बहुत भोली हो। • मुझे यह लाठी-कंबल नहीं चाहिए। • मेरे छोटे-छोटे हाथ छीके तक कैसे जा सकते हैं? Answer Q2 (क) नीचे दिए गए प्रश्नों का सटीक उत्तर कौन-सा है? उसके सामने तारा () बनाइए— (2) श्रीकृष्ण माँ के आने से पहले क्या कर रहे थे? • गाय चरा रहे थे। • माखन खा रहे थे। • मधुबन में भटक रहे थे। • मित्रों के संग खेल रहे थे। Answer Q3 (ख) अब अपने मित्रों के साथ चर्चा कीजिए और कारण बताइए कि आपने ये उत्तर ही क्यों चुने? Answer मिलकर करें मिलान पंक्तियों पर चर्चाQ1 (क) “भोर भयो गैयन के पाछे, मधुबन मोहि पठायो” Answer Q2 (ख) “सूरदास तब बिहसिँ जसोदा, लै उर कंठ लगायो” Answer सोच-विचार के लिएQ1 (क) पद में श्रीकृष्ण ने अपने बारे में क्या-क्या बताया है? Answer Q2 (ख) यशोदा माता ने श्रीकृष्ण को हँसते हुए गले से क्यों लगा लिया? Answer कविता की रचनाQ1 (क) इस पाठ को एक बार फिर से पढ़िए और अपने-अपने समूह में मिलकर इस पाठ की विशेषताओं की सूची बनाइए, जैसे इस पद की अंतिम पंक्ति में कवि ने अपना नाम भी दिया है आदि। Answer Q2 (ख) अपने समूह की सूची को कक्षा में सबके साथ साझा कीजिए। Answer अनुमान या कल्पना सेQ1 (क) श्रीकृष्ण अपनी माँ यशोदा को तर्क क्यों दे रहे होंगे? Answer Q2 (ख) जब माता यशोदा ने श्रीकृष्ण को गले से लगा लिया, तब क्या हुआ होगा? Answer शब्दों के रूपQ1 (क) “भोर भयो गैयन के पाछे” इस पंक्ति में ‘पाछे’ शब्द आया है। इसके लिए ‘पीछे’ शब्द का उपयोग भी किया जाता है। इस पद में ऐसे कुछ और शब्द हैं जिन्हें आप कुछ अलग रूप में लिखते और बोलते होंगे। नीचे ऐसे ही कुछ अन्य शब्द दिए गए हैं। इन्हें आप जिस रूप में बोलते-लिखते हैं, उस प्रकार से लिखिए। • परे Answer Q2 (क) “भोर भयो गैयन के पाछे” इस पंक्ति में ‘पाछे’ शब्द आया है। इसके लिए ‘पीछे’ शब्द का उपयोग भी किया जाता है। इस पद में ऐसे कुछ और शब्द हैं जिन्हें आप कुछ अलग रूप में लिखते और बोलते होंगे। नीचे ऐसे ही कुछ अन्य शब्द दिए गए हैं। इन्हें आप जिस रूप में बोलते-लिखते हैं, उस प्रकार से लिखिए। • छोटो Answer Q3 (क) “भोर भयो गैयन के पाछे” इस पंक्ति में ‘पाछे’ शब्द आया है। इसके लिए ‘पीछे’ शब्द का उपयोग भी किया जाता है। इस पद में ऐसे कुछ और शब्द हैं जिन्हें आप कुछ अलग रूप में लिखते और बोलते होंगे। नीचे ऐसे ही कुछ अन्य शब्द दिए गए हैं। इन्हें आप जिस रूप में बोलते-लिखते हैं, उस प्रकार से लिखिए। • बिधि Answer Q4 (क) “भोर भयो गैयन के पाछे” इस पंक्ति में ‘पाछे’ शब्द आया है। इसके लिए ‘पीछे’ शब्द का उपयोग भी किया जाता है। इस पद में ऐसे कुछ और शब्द हैं जिन्हें आप कुछ अलग रूप में लिखते और बोलते होंगे। नीचे ऐसे ही कुछ अन्य शब्द दिए गए हैं। इन्हें आप जिस रूप में बोलते-लिखते हैं, उस प्रकार से लिखिए। • भोरी Answer Q5 (क) “भोर भयो गैयन के पाछे” इस पंक्ति में ‘पाछे’ शब्द आया है। इसके लिए ‘पीछे’ शब्द का उपयोग भी किया जाता है। इस पद में ऐसे कुछ और शब्द हैं जिन्हें आप कुछ अलग रूप में लिखते और बोलते होंगे। नीचे ऐसे ही कुछ अन्य शब्द दिए गए हैं। इन्हें आप जिस रूप में बोलते-लिखते हैं, उस प्रकार से लिखिए। • कछु Answer Q6 (क) “भोर भयो गैयन के पाछे” इस पंक्ति में ‘पाछे’ शब्द आया है। इसके लिए ‘पीछे’ शब्द का उपयोग भी किया जाता है। इस पद में ऐसे कुछ और शब्द हैं जिन्हें आप कुछ अलग रूप में लिखते और बोलते होंगे। नीचे ऐसे ही कुछ अन्य शब्द दिए गए हैं। इन्हें आप जिस रूप में बोलते-लिखते हैं, उस प्रकार से लिखिए। • लै Answer Q7 (क) “भोर भयो गैयन के पाछे” इस पंक्ति में ‘पाछे’ शब्द आया है। इसके लिए ‘पीछे’ शब्द का उपयोग भी किया जाता है। इस पद में ऐसे कुछ और शब्द हैं जिन्हें आप कुछ अलग रूप में लिखते और बोलते होंगे। नीचे ऐसे ही कुछ अन्य शब्द दिए गए हैं। इन्हें आप जिस रूप में बोलते-लिखते हैं, उस प्रकार से लिखिए। • नहिं Answer वर्ण-परिवर्तनQ1 “तू माता मन की अति भोरी” ‘भोरी’ का अर्थ है ‘भोली’। यहाँ ‘ल’ और ‘र’ वर्ण परस्पर बदल गए हैं। आपने ध्यान दिया होगा कि इस पद में कुछ और शब्दों में भी ‘ल’ या ‘ड़’ और ‘र’ में वर्ण-परिवर्तन हुआ है। ऐसे शब्द चुनकर अपनी लेखन पुस्तिका में लिखिए। Answer पंक्ति से पंक्तिQ1 1. भोर भयो गैयन के पाछे, मधुबन मोहि पठायो। Answer Q2 2. चार पहर बंसीवट भटक्यो, साँझ परे घर आयो। Answer Q3 3. मैं बालक बहियन को छोटो, छीको केहि बिधि पायो। Answer Q4 4. ग्वाल-बाल सब बैर परे हैं, बरबस मुख लपटायो। Answer Q5 5. तू माता मन की अति भोरी, इनके कहे पतियायो। Answer Q6 6. जिय तेरे कछु भेद उपजि है, जानि परायो जायो। Answer आपकी बातQ1 “मैया मैं नहिं माखन खायो” यहाँ श्रीकृष्ण अपनी माँ के सामने सिद्ध करने का प्रयास कर रहे हैं कि उन्होंने माखन नहीं खाया है। कभी-कभी हमें दूसरों के सामने सिद्ध करना पड़ जाता है कि यह कार्य हमने नहीं किया। क्या आपके साथ भी कभी ऐसा हुआ है? कब? किसके सामने? आपने अपनी बात सिद्ध करने के लिए कौन-कौन से तर्क दिए? उस घटना के बारे में बताइए। Answer घर की वस्तुएँQ1 “मैं बालक बहियन को छोटो, छीको केहि बिधि पायो।” ‘छीका’ घर की एक ऐसी वस्तु है जिसे सैकड़ों-वर्ष से भारत में उपयोग में लाया जा रहा है। नीचे कुछ और घरेलू वस्तुओं के चित्र दिए गए हैं। इन्हें आपके घर में क्या कहते हैं? चित्रों के नीचे लिखिए। यदि किसी चित्र को पहचानने में कठिनाई हो तो आप अपने शिक्षक, परिजनों या इंटरनेट की सहायता भी ले सकते हैं। Answer Q2 आप जानते ही हैं कि श्रीकृष्ण को मक्खन बहुत पसंद था। दूध से दही, मक्खन बनाया जाता है और मक्खन से घी बनाया जाता है। नीचे दूध से घी बनाने की प्रक्रिया संबंधी कुछ चित्र दिए गए हैं। अपने परिवार के सदस्यों, शिक्षकों या इंटरनेट आदि की सहायता से दूध से घी बनाने की प्रक्रिया लिखिए। Answer समय का मापQ1 (क) ‘पहर’ और ‘साँझ’ शब्दों का प्रयोग समय बताने के लिए किया जाता है। समय बताने के लिए और कौन-कौन से शब्दों का प्रयोग किया जाता है? अपने समूह में मिलकर सूची बनाइए और कक्षा में साझा कीजिए। (संकेत— कल, ऋतु, वर्ष, अब, पखवाड़ा, दशक, वेला, अवधि आदि) Answer Q2 (ख) श्रीकृष्ण के अनुसार वे कितने घंटे गाय चराते थे? Answer Q3 (ग) मान लीजिए वे शाम को छह बजे गाय चराकर लौटे। वे सुबह कितने बजे गाय चराने के लिए घर से निकले होंगे? Answer Q4 (घ) ‘दोपहर’ का अर्थ है ‘दो पहर’ का समय। जब दूसरे पहर की समाप्ति होती है और तीसरे पहर का प्रारंभ होता है। यह लगभग 12 बजे का समय होता है, जब सूर्य सिर पर आ जाता है। बताइए दिन के पहले पहर का प्रारंभ लगभग कितने बजे होगा? Answer हम सब विशेष हैंQ1 (क) महाकवि सूरदास दृष्टिबाधित थे। उनकी विशेष क्षमता थी उनकी कल्पना शक्ति और कविता रचने की कुशलता। हम सभी में कुछ न कुछ ऐसा होता है जो हमें सबसे विशेष और सबसे भिन्न बनाता है। नीचे दिए गए व्यक्तियों की विशेष क्षमताएँ क्या हैं, विचार कीजिए और लिखिए— आपकी Answer Q2 (क) महाकवि सूरदास दृष्टिबाधित थे। उनकी विशेष क्षमता थी उनकी कल्पना शक्ति और कविता रचने की कुशलता। हम सभी में कुछ न कुछ ऐसा होता है जो हमें सबसे विशेष और सबसे भिन्न बनाता है। नीचे दिए गए व्यक्तियों की विशेष क्षमताएँ क्या हैं, विचार कीजिए और लिखिए— आपके किसी परिजन की Answer Q3 (क) महाकवि सूरदास दृष्टिबाधित थे। उनकी विशेष क्षमता थी उनकी कल्पना शक्ति और कविता रचने की कुशलता। हम सभी में कुछ न कुछ ऐसा होता है जो हमें सबसे विशेष और सबसे भिन्न बनाता है। नीचे दिए गए व्यक्तियों की विशेष क्षमताएँ क्या हैं, विचार कीजिए और लिखिए— आपके शिक्षक की Answer Q4 (क) महाकवि सूरदास दृष्टिबाधित थे। उनकी विशेष क्षमता थी उनकी कल्पना शक्ति और कविता रचने की कुशलता। हम सभी में कुछ न कुछ ऐसा होता है जो हमें सबसे विशेष और सबसे भिन्न बनाता है। नीचे दिए गए व्यक्तियों की विशेष क्षमताएँ क्या हैं, विचार कीजिए और लिखिए— आपके मित्र की Answer Q5 (ख) एक विशेष क्षमता ऐसी भी है जो हम सबके पास होती है। वह क्षमता है सबकी सहायता करना, सबके भले के लिए सोचना। तो बताइए, इस क्षमता का उपयोग करके आप इनकी सहायता कैसे करेंगे— एक सहपाठी पढ़ना जानता है और उसे एक पाठ समझ में नहीं आ रहा है। Answer Q6 (ख) एक विशेष क्षमता ऐसी भी है जो हम सबके पास होती है। वह क्षमता है सबकी सहायता करना, सबके भले के लिए सोचना। तो बताइए, इस क्षमता का उपयोग करके आप इनकी सहायता कैसे करेंगे— एक सहपाठी को पढ़ना अच्छा लगता है और वह देख नहीं सकता। Answer Q7 (ख) एक विशेष क्षमता ऐसी भी है जो हम सबके पास होती है। वह क्षमता है सबकी सहायता करना, सबके भले के लिए सोचना। तो बताइए, इस क्षमता का उपयोग करके आप इनकी सहायता कैसे करेंगे— एक सहपाठी बहुत जल्दी-जल्दी बोलता है और उसे कक्षा में भाषण देना है। Answer Q8 (ख) एक विशेष क्षमता ऐसी भी है जो हम सबके पास होती है। वह क्षमता है सबकी सहायता करना, सबके भले के लिए सोचना। तो बताइए, इस क्षमता का उपयोग करके आप इनकी सहायता कैसे करेंगे— एक सहपाठी बहुत अटक-अटक कर बोलता है और उसे कक्षा में भाषण देना है। Answer Q9 (ख) एक विशेष क्षमता ऐसी भी है जो हम सबके पास होती है। वह क्षमता है सबकी सहायता करना, सबके भले के लिए सोचना। तो बताइए, इस क्षमता का उपयोग करके आप इनकी सहायता कैसे करेंगे— एक सहपाठी को चलने में कठिनाई है और वह सबके साथ दौड़ना चाहता है। Answer Q10 (ख) एक विशेष क्षमता ऐसी भी है जो हम सबके पास होती है। वह क्षमता है सबकी सहायता करना, सबके भले के लिए सोचना। तो बताइए, इस क्षमता का उपयोग करके आप इनकी सहायता कैसे करेंगे— एक सहपाठी प्रतिदिन विद्यालय आता है और उसे सुनने में कठिनाई है। Answer आज की पहेलीQ1 दूध से मक्खन ही नहीं बल्कि और भी बहुत कुछ बनाया जाता है। नीचे दूध से बनने वाली कुछ वस्तुओं के चित्र दिए गए हैं। दी गई शब्द-पहेली में उनके नाम के पहले अक्षर दे दिए गए हैं। नाम पूरे कीजिए— खो द म ल प छा मि घी श आ Answer खोजबीन के लिएQ1 सूरदास द्वारा रचित कुछ अन्य रचनाएँ खोजें व पढ़ें। Answer Try one from this chapter
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